चीन में जल संसाधनों के एकीकृत प्रबंधन से उल्लेखनीय परिणाम
30 अक्टूबर को चीन के जल संसाधन मंत्रालय की प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि “जल संसाधन संचालन एवं प्रबंधन नियम” लागू होने के पांच वर्षों के दौरान, मंत्रालय ने जल संसाधनों के एकीकृत संचालन और प्रबंधन को मजबूत किया है। इसके परिणामस्वरूप जल संसाधनों का एकीकृत संचालन अधिक व्यवस्थित किया गया, पारिस्थितिकीय उद्देश्यों के लिए जल प्रबंधन अधिक प्रभावी हुआ है और संबंधित क्षेत्रों का प्रबंधन भी मजबूत हुआ है, जिससे नदियों और झीलों के पारिस्थितिक पर्यावरण को बहाल करने के लिए जल संसाधनों की मजबूत गारंटी मिली है और जल संसाधन क्षेत्र के उच्च गुणवत्ता वाले विकास को भी बढ़ावा मिला है।
नदी बेसिन को आधार बनाकर तथा प्रांतों के बीच बहने वाली नदियों और प्रमुख जल अंतरण परियोजनाओं को प्रमुख आधार बनाकर, चीन में जल संसाधनों के एकीकृत संचालन के और अधिक उल्लेखनीय परिणाम सामने आए हैं। पिछले पांच वर्षों में जल संसाधन मंत्रालय ने तीन चरणों में प्रांतों के बीच बहने वाली नदियों और नदी बेसिनों की सूची जारी की, जहां जल संसाधन संचालन किया जाना है। स्वीकृत जल आवंटन योजनाओं वाली सभी 94 अंतर-प्रांतीय नदियों को इस सूची के प्रबंधन के दायरे में शामिल किया गया है। अब तक 89 अंतर-प्रांतीय नदी बेसिनों में जल संसाधन संचालन शुरू किया जा चुका है, जो निर्धारित लक्ष्य का 95 प्रतिशत है। शेष पांच नदियों में 2026 के अंत तक योजना के अनुसार जल संसाधन संचालन शुरू करने की योजना है। सूची में शामिल 10 निर्मित प्रमुख जल अंतरण परियोजनाओं में भी लगातार जल संचालन किया जा रहा है, जिससे नदी बेसिनों और संबंधित क्षेत्रों में जल आपूर्ति तथा पारिस्थितिक सुरक्षा सुनिश्चित हुई है। 2025 में पहले चरण के तहत 88 नदियों और झीलों के पारिस्थितिक पुनरुद्धार का कार्य भी सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया।
इसके अलावा, चीन में जल संसाधनों के एकीकृत संचालन और प्रबंधन को और अधिक व्यवस्थित किया गया है। नदी बेसिनों तथा जल अंतरण परियोजनाओं के लिए जल संसाधनों के एकीकृत संचालन एवं प्रबंधन की संस्थागत व्यवस्था और कार्यप्रणाली स्थापित कर उन्हें धीरे-धीरे बेहतर बनाया जा रहा है। राष्ट्रीय जल नेटवर्क के संचालन एवं कमान तंत्र का निर्माण भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। राष्ट्रीय मुख्य जल नेटवर्क तथा प्रांतीय, शहर और काउंटी स्तर के जल नेटवर्क के बीच आपसी संपर्क लगातार बेहतर हो रहा है, जिससे जल नेटवर्क के एकीकृत संचालन के लिए मजबूत बुनियादी ढांचा तैयार हुआ है।