शीत्सांग के ग्यिरोंग में भू-स्खलन में 43 व्यक्तियों की मौत, 519 लापता

(CRI)09:20:47 2026-09-07

6 सितंबर को शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश के ग्यिरोंग जिले के“अगस्त 26 ” भू-स्खलन आपदा के आपात बचाव कमांड सेंटर से मिली ख़बर के अनुसार 5 सितंबर के 18 बजे तक ग्यिरोंग के भू-स्खलन आपदा में 43 व्यक्तियों की मौत हो चुकी है और 519 लोग लापता हैं।

5 सितंबर के 18 बजे तक बचाव व राहत कार्य में लगे लोगों की संख्या 2500 से अधिक थी, तलाशी व बचाव गाड़ियों की संख्या 500 से अधिक थी, तलाशी व बचाव उपकरणों की संख्या 9000 स अधिक थी, ड्रोन की उड़ान की संख्या 1000 से अधिक थी और 5.43 टन सामग्री पैराशूट से गिरायी गयी।

इस दौरान 2 व्यक्ति बचाये गये और 993 अवशेष वस्तुएं पायी गयीं। 791 नागरिकों को सेवा दी गई और मृतकों व लापता हुए लोगों के 640 परिजनों को व्यवस्थित किया गया।

कई बार पुष्टि की जाने के बाद इस आपदा में लापता विदेशी लोगों की संख्या 261 है, जो 23 देशों से हैं। सम्बंधित सूचना सम्बंधित देशों के राजदूतावासों को दी गयी है। इसके साथ लापता विदेशी लोगों के परिजनों के लिए 24 घंटे की हॉटलाइन सेवा खोली गयी है जिस पर कुल 509 कॉल मिली हैं।

उल्लेखनीय बात है कि चीन-नेपाल आपदा रोकथाम सूचना ज्ञापन तंत्र के ज़रिये चीन सरकार रोज नेपाल को सम्बंधित सूचना प्रदान करता है। नेपाल की मांग के अनुसार चीन सरकार ने नेपाल को सुरंग बचाव और डीएनए आदि क्षेत्रों के विशेषज्ञ भेजे और आपात सामग्री प्रदान की।

ध्यान रहे 5 से 6 सितंबर तक चीनी राज्य परिषद के सूचना कार्यालय और विदेश मंत्रालय ने कई देशों की मीडिया के संवाददाताओं का गठन कर ग्यिरोंग के भू-स्खलन प्रभाव क्षेत्र में साक्षात्कार कराया, जो अमेरिका, ब्रिटेन, रूस, भारत, पाकिस्तान आदि देशों से हैं। 6 सितंबर की दोपहर के बाद कई देशों की मीडिया के संवाददाताओं ने शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश के ग्यिरोंग जिले के “अगस्त 26 ” भू-स्खलन आपदा के आपात बचाव कमांड सेंटर द्वारा आयोजित संवाददाता सम्मेलन में भाग लिया।

स्वायत्त प्रदेश के स्थाई उपाध्यक्ष रन वेइ ने इस संवाददाता सम्मेलन पर सम्बंधित कार्य का परिचय दिया। उन्होंने कहा कि मुख्य तौर पर चार पहलुओं में बचाव व राहत कार्य आगे बढ़ाया गया, जिन में लापता लोगों की तलाशी की हरसंभव कोशिश करना, बारीकी से आपदा के बाद के कार्य का बखूबी अंजाम देना, भावी आपदा की रोकथाम, सक्रियता से विदेश सम्बंधी मामलों का निपटारा करना शामिल हैं।

रनवेइ ने बताया कि बाद में लापता लोगों की तलाशी जारी रखी जाएगी और चीन स्थित सम्बंधित देशों के राजदूतावासों और लापता लोगों के परिजनों के साथ संपर्क बनाया जाएगा और समय पर कार्य की प्रगति की सूचना दी जाएगी।