शीत्सांग S5 एक्सप्रेसवे ने क्षेत्रीय विकास को दी नई गति


शीत्सांग S5 एक्सप्रेसवे।

शीत्सांग S5 एक्सप्रेसवे ल्हासा और त्सेतांग को जोड़ता है, जो पहाड़ों के बीच फैली चांदी की एक “रेशमी पट्टी” जैसा दिखाई देता है। यह सड़क ल्हासा और शाननान के बीच आवाजाही को सुगम बनाने के साथ-साथ, इसके किनारे बसे गांवों के विकास को भी नई गति दे रही है।

शीत्सांग S5 ल्हासा-त्सेतांग एक्सप्रेसवे की कुल लंबाई 47.46 किलोमीटर है, जो 18 दिसंबर 2024 को आधिकारिक रूप से यातायात के लिए खोल दिया गया। यह सड़क ल्हासा शहर के एक्सप्रेसवे इंटरचेंज से शुरू होकर, शाननान शहर में समाप्त होती है। यह एक्सप्रेसवे ल्हासा और शाननान के बीच की दूरी को लगभग 65 किलोमीटर कम करता है, जिससे दोनों शहरों के बीच यात्रा का समय घटकर केवल 1 घंटा रह गया है।

सुगम और बेहतर परिवहन नेटवर्क ने मार्ग के किनारे बसे ग्रामीण उद्योगों को एक नई ऊर्जा दी है। देछिंग टाउनशिप स्थित डेयरी सहकारी समिति कभी सीमित बाजारों की समस्या से जूझ रही थी। लेकिन इस नए एक्सप्रेसवे के शुरू होने से, पिछले दो वर्षों में समिति ने साहसिक नवाचार करते हुए अपने व्यवसाय को आधुनिक बनाया है और दक्षता के साथ नई वृद्धि हासिल की है।

शीत्सांग S5 ल्हासा-त्सेतांग एक्सप्रेसवे के चालू होने के बाद से, न केवल पारंपरिक कृषि और पशुपालन के आधुनिकीकरण और उन्नयन को गति मिली है, बल्कि इस मार्ग के किनारे बसे ग्रामीण अर्थव्यवस्था का भी प्राथमिक उद्योग से तृतीयक उद्योग में तेजी से परिवर्तन हुआ है।

शीत्सांग S5 ल्हासा-त्सेतांग एक्सप्रेसवे ल्हासा और शाननान के बीच एकीकृत विकास को बढ़ावा देने वाली एक प्रमुख परियोजना है। इसने इस मार्ग पर यात्रियों, लॉजिस्टिक्स और सूचना के सुगम प्रवाह को गति दी है। शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश के परिवहन विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि इस एक्सप्रेसवे के चालू होने के बाद से, इसने न केवल आम जनता की आवाजाही को सुगम बनाया है, बल्कि पर्यटन, कृषि और पशुपालन जैसे उद्योगों के विकास को भी बढ़ावा दिया है, जिससे क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था के उच्च गुणवत्ता वाले विकास को और बल मिला है।