हुनान यीयांग:नान काउंटी का लोकनाट्य“दीहुआगु” विद्यालयों के कला पाठ्यक्रम में शामिल
हाल के वर्षों में, हुनान प्राँत के यीयांग शहर के नान काउंटी शिक्षा ब्यूरो ने “स्कूल में अमूर्त सांस्कृतिक विरासत का संवहन” नामक गतिविधि को गहराई से बढ़ावा देकर नान काउंटी के कई बालवाड़ी में “दीहुआगु” नृत्य के प्रशिक्षण केंद्र स्थापित किए हैं, जिसमें नान काउंटी के “दिहुआगु” लोकनाट्य को कला पाठ्यक्रम में समाविष्ट किया गया है। साथ ही, इन शिक्षण केंद्रों में विशेष रूप से तैयार किए गए सामूहिक अभ्यास कार्यक्रम विकसित किए गए हैं, और बाल-समूहों का गठन किया गया है, ताकि बच्चों में स्थानीय संस्कृति के प्रति पहचान और प्रेम को विकसित किया जा सके।
नान काउंटी का “दीहुआगु” लोकनाट्य राष्ट्रीय स्तर की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत की प्रतिनिधि परियोजनाओं में से एक है, जो चिंग राजवंश के जियाचिंग काल में उत्पन्न हुआ। यह लोकनाट्य अपने सरल और सशक्त आंदोलन, तेज‑तर्रार और ऊँचे सुरों वाला संगीत, जीवंत और सहज प्रदर्शन, गहरे लोक-जीवन की महक और विशिष्ट कलात्मक शैली के कारण स्थानीय लोगों के बीच काफ़ी लोकप्रिय रही है।
