"अंतरिक्ष गुलाब" संवर्धन की ओर अहम कदम: "लीहोंग–1" का उपकक्षीय उड़ान परीक्षण सफल

याओ-1 उड़ान यान। (चित्र CAS Space से है)
12 जनवरी को "लीहोंग–1" याओ-1 उड़ान यान ने चीन के जिउछ्वान उपग्रह प्रक्षेपण केंद्र में अपना उपकक्षीय उड़ान परीक्षण मिशन सफलतापूर्वक पूरा किया। वापसी योग्य पेलोड कैप्सूल ने पैराशूट अवतरण एवं पुनर्प्राप्ति प्रणाली के माध्यम से सुरक्षित रूप से भूमि पर उतरकर पुनः प्राप्ति पूरी की।
लीहोंग–1 के मुख्य अभिकल्पक एवं मुख्य कमांडर शी श्याओनिंग ने बताया कि इस उड़ान यान में ले जाए गए गुलाब (मासिक) के बीजों ने लगभग 300 सेकंड की अंतरिक्ष यात्रा की, जिसके दौरान उन्हें अंतरिक्ष विकिरण प्रेरित उत्परिवर्तन के संपर्क में रखा गया। जानकारी के अनुसार, लीहोंग–1 याओ-1 की उड़ान ऊँचाई लगभग 120 किलोमीटर रही, जो वैज्ञानिक प्रयोगात्मक पेलोड के लिए 300 सेकंड से अधिक समय तक स्थिर ऊँचाई और बहुउद्देशीय प्रयोगात्मक वातावरण उपलब्ध कराती है।