जनकल्याण की प्राथमिकता के आधार जनसंतुष्ट परिवहन का करे निर्माण

देश के 30 हजार से अधिक क़स्बों और 5 लाख से ज़्यादा ग्रामीण क्षेत्रों में अब तक पक्की सड़कों का जाल बिछाया जा चुका है। ग्रामीण सड़कों में उच्च श्रेणी की सड़कों का अनुपात 97.3% तक पहुँच गया है, उनकी बेहतरीन व मध्यम गुणवत्ता वाली सड़कों का अनुपात 94.8% है। "साफ बादल में धूलों की भरमार , बारिश में कीचड़ से भरे रास्तों" का काल अब इतिहास बन चुका है।

फिलहाल प्रतिदिन लगभग 10 करोड़ लोग मेट्रो और ट्रेनों से आरामदायक यात्रा करते हैं; 10 करोड़ लोग बसों में सवार गली-सड़कों में आते-जाते हैं; और 10 करोड़ लोग टैक्सी व ऑनलाइन कैब सेवाओं से "दरवाज़े से दरवाज़े" तक सवारी की सुविधा का लाभ उठाते हैं। ये तीन "10 करोड़ लोगों की सवारी" चीन के परिवहन की उम्दा व्यवस्था तथा यात्रियों को ढोने की वहन क्षमता व लचीलेपन का जीवंत प्रदर्शन है।