निर्यात उत्पाद के "एक कोड से विश्व में पहुँचने" में"डिजिटल पहचान पत्र" करें सहायता


चित्र VCG से है

तीसरे चीन अंतर्राष्ट्रीय आपूर्ति शृंखला प्रोत्साहन एक्सपो के दौरान, चीन वस्तु कूट केंद्र के अनुप्रयोग प्रचार विभाग के वरिष्ठ इंजीनियर तिंगयी ने पत्रकारों को बताया कि वस्तु बारकोड प्रणाली ( GS1 वैश्विक एकीकृत कोडिंग पहचान प्रणाली) पहचान, संग्रहण और साझाकरण तीन भागों से मिलकर बनी है। यह आपूर्ति शृंखला के विभिन्न स्तरों पर व्यापारिक वस्तुओं, लॉजिस्टिक इकाइयों, परिसंपत्तियों, स्थानों और सेवा संबंधों के लिए वैश्विक रूप से अद्वितीय कोडिंग पहचान प्रदान करती है। यह प्रणाली वैश्विक व्यापार क्षेत्र में सबसे व्यापक रूप से उपयोग में लाई जाने वाली आपूर्ति शृंखला की मानक "व्यापार भाषा" बन चुकी है।

डिंग यी ने बताया कि वस्तु बारकोड किसी उत्पाद के लिए "अंतरराष्ट्रीय पासपोर्ट" और "डिजिटल पहचान पत्र" की तरह होता है। इसमें न केवल उत्पाद का मॉडल, विनिर्देश, निर्माण तिथि, कच्चा माल और उपयोग विधि जैसी विशेषताओं की जानकारी होती है, बल्कि उत्पाद की उत्पत्ति और आपूर्ति शृंखला के विभिन्न लॉजिस्टिक चरणों की जानकारी भी शामिल होती है। इस तरह के बारकोड की मदद से विश्व भर के व्यापारिक साझेदार एक ही "भाषा" के माध्यम से उत्पाद की पहचान और विश्लेषण कर सकते हैं, जिससे सीमा पार व्यापार में पहचान की पारस्परिक मान्यता की समस्या हल होती है। इससे न केवल तकनीकी बाधाएं और संचार लागत में भारी कमी आती है, बल्कि "मेड इन चाइना" उत्पादों को वैश्विक बाजारों तक तेजी से पहुँचने में मदद दिलाती है और विदेशी उत्पाद भी सुगमता से चीनी बाजार में समाहित हो सकते हैं।

अब तक, हमारे देश में लगभग 23 करोड़ प्रकार के उपभोक्ता उत्पादों ने वस्तु बारकोड का पंजीकरण और उपयोग किया है, जिससे 6 लाख से अधिक चीनी कंपनियों के उत्पादों की जानकारी वैश्विक स्तर पर समकालिक हो पाई है।

जानकारी के अनुसार, चीन वस्तु कूट केंद्र, जो राष्ट्रीय बाजार निगरानी प्रशासन के अधीनस्थ है, चीन में वस्तु कोड केन्द्र, वस्तु कोडिंग का एकीकृत संगठन , समन्वयन एवं प्रबंधन करने वाली मुख्य संस्था है , जो वर्तमान में विश्व का सबसे बड़ा वस्तु डेटाबेस बन चुका है।